Description
ईको 2000 साकारिका धरती पुत्र एक समुद्री शैवाल ग्रेन्युल है, जो प्रोटीन, कार्बाेहाइड्रेट, अकार्बनिक लवण और अन्य निहित पोषक तत्वों प्लांट ग्रोथ हार्माेन ऑक्सिन, साइटोकिनिन्स, गिब्रेलिन, ह्यूमिक एसिड, अमीनो एसिड, जिब्रेलिक,नीम, एलोवेरा, जामून, आंवला और गौ मूत्र के साथ समुद्री शैवाल के अर्क व लाल और भूरे रंग के शैवाल से बना होता है। समुद्री शैवाल को एक वाहक के साथ मिश्रित किया जाता है जिसका उपयोग जैविक उत्पाद तैयार करने के लिए किया जाता है। सल्फर, कैल्शियम, जिंक और बोरॉन से समुद्री शैवाल की खेती की जाती है और स्वाभाविक रूप से गर्म, उष्णकटिबंधीय क्षेत्रों हिंद महासागरद्ध से काटा जाता है और इसलिए अधिक जैव-उत्तेजक पदार्थों से संपन्न होता है। इस प्रकार समशीतोष्ण क्षेत्र के समुद्री शैवाल के अर्क की तुलना में समुद्री शैवाल से निकलने वाले दाने अधिक प्रभावी होते हैं।उपयुक्त फसलें:- सभी खेत की फसलों, दलहन, तिलहन, बागवानी और सब्जी की फसलों, गन्ना, गेहूँ, धान, और रेशे की फसलों, बागान फसलों, औषधीय और सुगंधित फसलों के लिए उपयुक्त।
ईको 2000 साकारिका धरती पुत्र के लाभ:-
1. फसलों की आंतरिक (वृद्धि और विकास प्रक्रियाओं को उत्तेजित करता है।
2. पोषक तत्वों को ठीक से निर्माण करने की पौधे को क्षमता प्रदान करता है।
3. फसलों में बीमारियों के खिलाफ लडने की प्रतिरोधक क्षमता प्रदान करता है।
4. मृदा की उर्वरक क्षमता को सक्रिय करता है और मिट्टी के स्वास्थ्य में सुधार कर उपजाऊ बनाता है।
5. यह पौधों की जडों को मजबूत कर पौधों मे अंकुरन की क्षमता को बढाता है।
6. इसका प्रयोग बुवाई के समय करने से यह नीम कोटिड होने की वजह से फसलों में रोग नहीं लगने देता।
उपयोग करने की विधि:-
1. सभी प्रकार की फसलों में 10 किग्रा/एकड़ ;बुवाई/रोपाईद्ध के समय पहला आवेदन और दूसरा आवेदन- पहले आवेदन के 30 दिन बाद लगाएं।
2. बागों/बारहमासी लताओं के लिए 100-150 ग्राम प्रति पेड़/लगाएं।



